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धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की समाधि पर लिया संकल्प और दोहरायी अपनी मांग

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सभी बाधाओ को दूर कर पेसा कानून को अविलंब लागू करने के आह्वान के साथ पेसा अधिकार यात्रा द्वारा धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की समाधि पर लिया संकल्प और दोहरायी अपनी मांग

आदिवासी हित और ग्राम सभा के प्रति हमेशा से समर्पित रही है कांग्रेस : अविनाश पांडे

रांची 6 अक्टूबर. कांग्रेस के महासचिव एवं झारखंड प्रभारी अविनाश पांडे ने कहा है कि कांग्रेस की भावना हमेशा से आदिवासी एवं आदिवासी हितों के साथ उनके मौलिक अधिकारों के प्रति रही है. श्री पांडे ने कहा कि आज की सबसे बड़ी जरूरत यही है कि जनजातीय परंपरा एवं संस्कृति का संरक्षण, सम्मान करते हुए उसके संवर्धन के लिए भी न केवल सरकारी स्तर पर बल्कि लोगों के द्वारा भी प्रत्येक संभव प्रयास किया जाये.
आज राजधानी में पेसा अधिकार यात्रा की शुरुआत के अवसर पर मोरहाबादी मैदान में घंटा घड़ियाल बजाकर यात्रियों को रवाना करने से पहले आयोजित सभा में अपने संबोधन में श्री पांडे ने कहा कि कांग्रेस हमेशा से न केवल जनजातीय समुदाय बल्कि अनुसूचित जाति, दलितों, अन्य पिछड़े वर्ग (ओबीसी), अल्पसंख्यकों के साथ ही देश के सभी लोगों का सम्मान करती है और उनकी आकांक्षाओं एवं भावनाओं के तहत ही विकास को गति देना चाहती है जिसकी जरूरत देश में है. श्री पांडे ने भरोसा जताया कि आज की पेसा अधिकार यात्रा के बाद न केवल मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में काम कर रही सरकार और भी पुरजोर तरीके से पेसा कानून को जल्द से जल्द लागू करेगी बल्कि इसका सकारात्मक प्रभाव पूरे झारखंड पर पड़ेगा.
इस अवसर पर अपने संबोधन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने कहा कि विकास एवं वित्तीय मोर्चे पर बुरी तरीके से असफल रही केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार अब पूरी तरीके से नकारात्मक भावना से ग्रसित होकर काम कर रही है. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस की विचारधारा तेजी से आम लोगों के पास पहुंच रही है और इसका परिणाम आगामी 2024 के लोकसभा चुनाव में नजर आएगा. केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय ने कहा कि कांग्रेस ने केवल स्वतंत्रता की लड़ाई में अपना योगदान नहीं दिया बल्कि स्वतंत्रता के बाद भी कांग्रेस की भावना हमेशा से विकास के प्रति समर्पित रही है और उसी का परिणाम है कि देश तेजी से आगे बढ़ा लेकिन श्री सहाय ने अफसोस जताया कि वर्तमान नरेंद्र मोदी सरकार की कार्य प्रणाली का खामियांजा पूरे देश को भुगतना पड़ रहा है.
इस अवसर पर अपने संबोधन में पूर्व मंत्री, झारखंड सरकार की समन्वय समिति के सदस्य एवं झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष बंधु तिर्की ने कहा कि पेसा कानून 1996 में उस समय लाया गया था जब केंद्र में कांग्रेस की सरकार थी और आज यह महज संजोग नहीं बल्कि कांग्रेस के समर्पण का ही परिणाम है कि झारखंड में पेसा कानून की नियमावली को तब मंजूरी दी गई जब कांग्रेस की महत्वपूर्ण सहभागिता में हेमंत सोरेन की सरकार काम कर रही है. श्री तिर्की ने कहा कि कांग्रेस हर हाल में आदिवासियों, जनजातीय समुदाय और उनकी परंपरा, सभ्यता संस्कृति और सही अर्थों में प्रत्येक क्षेत्र, समुदाय और जाति के लिए आवश्यक समन्वित विकास के लिए समर्पित रही है। श्री तिर्की ने कहा कि हम पूरे प्रदेश को यह बताना चाहते हैं कि आज से 23 साल पहले झारखंड का गठन जनजातीय समुदाय की आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए किया गया था और आज यदि उनकी आकांक्षाएं और ज़रूरतें पूरी नहीं हो रही है तो इसकी ओर सभी को ध्यान देना चाहिए. माननीय कृषि मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा कि पेसा कानून कांग्रेस पार्टी की देन है, हम झारखंड वासियों विशेष कर आदिवासियों को इस कानून में निहित अपने अधिकारों के मामले में स्वयं को जागरूक करने की जरूरत है । झारखंड सरकार गांव के अंतिम व्यक्ति को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इस अवसर पर धन्यवाद ज्ञापन करते हुए मांडर की विधायक शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि इस यात्रा में सभी लोगों ने उत्साह एवं उमंग के साथ हजारों की संख्या में पेसा अधिकार यात्रा में अपनी सहभागिता निभाई है. विशेष रूप से पारंपरिक जितिया पर्व होने के बावजूद महिलाएं जिस प्रकार से इसमें शामिल हुई हैं वह अपने आप में यह बताने को पर्याप्त है कि पेसा कानून को जमीनी स्तर पर लागू करवाने के प्रति झारखंड के लोग कितने संवेदनशील और जागरूक हैं.
आज राजधानी के मोरहाबादी मैदान से हजारों लोगों की पेसा अधिकार यात्रा कांग्रेस के झारखंड प्रभारी श्री पांडे, प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर, सुबोध कांत सहाय,
मुख्य संयोजक बंधु तिर्की
आदि के नेतृत्व में मोरहाबादी मैदान से शुरू हुई जो धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की समाधि स्थल कोकर में जाकर उन्हें माल्यार्पण करने के साथ समाप्त हुई. वहां समाधि स्थल पर सभी ने श्री बंधु तिर्की के नेतृत्व में सभी ने संकल्प लिया कि वे सभी न सिर्फ पेसा कानून को जमीनी स्तर पर लागू करवाने के लिए बल्कि आदिवासियों की सभ्यता, संस्कृति, उन की परंपराओं की रक्षा के साथ ही उनके विकास की जरूरतो को पूरा करने के प्रति हमेशा समर्पित रहेंगे । इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से प्रदेश कांग्रेस के उपाध्यक्ष सुल्तान अहमद, महासचिव अमुल्य नीरज खलखो, मार्केटिंग बोर्ड के अध्यक्ष रवींद्र सिंह, हिन्दू धार्मिक न्यास बोर्ड के अध्यक्ष जयशंकर पाठक, प्रवक्ता सतीश पॉल मुंजनी, शिव कुमार भगत, बेलस तिर्की, ग्रामीण जिलाध्यक्ष राकेश किरण महतो, महानगर अध्यक्ष कुमार राजा , अमरिंदर सिंह केदार पासवान गजेंद्र सिंह, शिवा कच्छप, जमील मलिक, प्रो करमा उरांव, मंगा उरांव, पंचू मिंज, इस्तियाक अंसारी, जयंत बारला,एलविन लकड़ा, सेरोफिना मिंज, जिला परिषद बेरोनिका उरांव आदि उपस्थित थे।

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