भारतीय किसान यूनियन राजनैतिक के झंडे तले चल रहा धरना दूसरे दिन एसडीम नगीना के आश्वासन पर समाप्त

आईरा न्यूज़ नेटवर्क बिजनौर जिला प्रभारी विकास अग्रवाल
नगीना । ग्राम खिजरपुर जग्गू उर्फ जग्गू वाला में नगीना तहसील के कानूनगो नरेंद्र सिंह द्वारा 2014 में आवंटित पट्टों की भूमि की पैमायश सही तरीके से न करने के विरोध में रविवार को एसडीम नगीना शैलेंद्र कुमार के आश्वासन पर भारतीय किसान यूनियन राजनैतिक के झंडे तले चल रहा धरना दूसरे दिन समाप्त हो गया।
भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक द्वारा आयोजित धरने का नेतृत्व कर रहे नगर उपाध्यक्ष केसर सुल्तान ने बताया कि तहसील क्षेत्र के ग्राम खिजरपुर जग्गू उर्फ जग्गूवाला में शनिवार को कानूनगो नरेंद्र सिंह ने ग्रामीणों के पट्टों की पैमायश की थी।धरने पर बैठे पीड़ित ग्रामीणों ने बताया कि प्रीतम सिंह,भोगेंद्र सिंह व कृष्णा देवी के पांच पांच बीघे तथा घनश्याम सिंह का छह बीघा व श्रीमती सर्वेश का साढ़े पांच बीघे के कृषि भूमि के पट्टे हैं।शनिवार को दोपहर एक बजे कानूनगो नरेंद्र सिंह ग्राम जग्गूवाला के मौजा अलीपुर पदार्थ में पट्टों की भूमि की पैमाइश करने पहुंचे।पीड़ित ग्रामीणों का आरोप है कि कानूनगो नरेंद्र सिंह सतपाल पुत्र डालू,हिम्मत पुत्र शौनाथ,रामगोपाल पुत्र रामसरन,ओमप्रकाश पुत्र तेजा सिंह के पक्ष में नपाई कर दी।ग्रामीणों ने बताया कि जब उन्होंने कानूनगो नरेंद्र सिंह से सही तरीके से पैमाईश करने को कहा तो आरोप है कि कानूनगो बोले जमीन की नपती करानी है तो करा लो वरना जमीन छोड़ कर चले जाओ। पीड़ित ग्रामीणों ने इस बात से भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक के नगर अध्यक्ष कुंवर हर्षवर्धन सिंह को अवगत करवाया।नगर अध्यक्ष कुंवर हर्षवर्धन सिंह के निर्देश पर उपाध्यक्ष केसर सुल्तान के नेतृत्व में शनिवार की शाम से नगीना के एसडीएम कार्यालय पर धरना शुरू कर दिया।धरने पर प्रीतम सिंह,भोगेंद्र सिंह,भोपाल सिंह,घनश्याम सिंह,श्रीमती सर्वेश,कोमल सिंह,चेतराम सिंह,श्रीमती कृष्णा देवी, राजीव चौधरी, दयाराम सैनी, शेख इंतजार नागेंद्र जाट, टिकेंद्र उर्फ शेट्टी, रामपाल सिंह आदि ग्रामीण बैठे हुए हैं। रविवार को दूसरे दिन धरना स्थल पर पहुंचे एसडीम नगीना शैलेंद्र कुमार के आश्वासन पर भारतीय किसान यूनियन राजनैतिक के झंडे तले चल रहा धरना दूसरे दिन समाप्त हो गया। एसडीम नगीना ने धरना ग्रस्त ग्रामीणों से कहां की दोबारा नई टीम बनाकर सही पैमाइश कराने के आश्वासन पर ग्रामीणों ने अपना धरना समाप्त कर दिया।


















