गोंडा – शहर के गल्लामंडी रोड पर स्थित शिवनगर में तीन दिन पहले हुए तिहरे हत्याकांड की साजिश मुख्य आरोपी ने अपने ही एक साथी रेलवे ट्रैकमैन के साथ मिलकर तीन माह पहले रची थी तीन माह तक शत्रुघ्न के संग मिलकर प्लानिंग करने के बाद आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया था। इसका खुलासा करते हुए पुलिस ने शनिवार को आरोपी के साथी रेलवे ट्रैकमैन को गिरफ्तार किया है बता दें कि शहर के गल्लामंडी रोड स्थित शिवनगर के रहने वाले देवी प्रसाद उनकी पत्नी पार्वती, बड़ी बेटी शिंपा की प्रेम प्रसंग में नाकामयाब होने पर रेलवे ट्रैकमैन अशोक कुमार ने 24 नवंबर की शाम उनके घर में घुसकर तलवार से काटकर हत्या कर दी ।
इस हमले में देवी प्रसाद की छोटी बेटी इस्पा गंभीर रूप से घायल हो गई थी उसका लखनऊ में इलाज चल रहा है हत्या के बाद से आरोपी अशोक फरार है। पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि तफ्तीश के दौरान हत्याकांड से जुड़े कई राज सामने आए हैं एसपी ने बताया कि महराजगंज जनपद के निचलौल थाना क्षेत्र के रुदौली गांव का रहने वाला शत्रुघ्न रेलवे में ट्रैकमैन के पद पर तैनात है ।
वह तिहरे हत्याकांड के आरोपी अशोक के साथ ही रेलवे में बरूवाचक में कार्यरत है तफ्तीश के दौरान सर्विलांस से मिले सुबूतों के आधार पर ट्रैकमैन शत्रुघ्न को उठाकर पूछताछ की गई तो उसने बताया कि उसके पिछले एक साल से अशोक से संबंध थे वह अशोक के घर आया जाया करता था ।
एसपी के मुताबिक शत्रुघ्न ने बताया कि वह शिंपा से प्रेम करता था और उससे शादी करना चाहता था मगर शिंपा के घर वालों ने शादी से इनकार कर दिया। जिससे अशोक ने शिंपा समेत पूरे परिवार को खत्म करने की ठान ली थी इसके लिए तीन माह से प्लानिंग कर रहा थाअशोक के कहने पर उसने हत्या में प्रयुक्त कई चीजों की खरीदारी कराई गई तिहरे हत्याकांड के आरोपी अशोक ने छह लाख रुपये लोन लिया था जिसमें उसने एटीएम व बैंक के माध्यम से साढ़े चार लाख रुपये निकाले थे इन्हीं रुपयों से उसने हत्या को अंजाम देने के लिए असलहे व उपकरण खरीदे थे। इसकी पुष्टि अशोक के बैंक खाते को खंगालने के बाद हुई है तिहरे हत्याकांड के आरोपी अशोक ने हत्या से पहले ऑनलाइन व ऑफलाइन सिमकार्ड, हथियार, रस्सी, पिस्टल, बंदूक, कुल्हाड़ी, चाकू, तलवार, स्प्रेगन इलेक्ट्रिक शॉक उपकरण, गुलेल की खरीदारी की थी ।
तिहरे हत्याकांड का आरोपी अशोक देवीप्रसाद के घर असलहों समेत पेट्रोल व केरोसिन लेकर आया था हत्या के दिन ही देवीप्रसाद के घर से एक गैलन में पेट्रोल व केरोसिन समेत रस्सी व खिलौना पिस्टल बरामद हुई थी पुलिस के मुताबिक अशोक ने ऐसी तैयारी की थी जिससे परिवार को काई भी न बचे हत्या के बाद सुबूतों को मिटाने के लिए पेट्रोल डालकर सभी को फूंकने के इरादे से पेट्रोल लेकर आया था तिहरे हत्याकांड की वारदात को अंजाम देने से पहले अशोक ने 24 नवंबर को अपने साथी शत्रुघन से 30 मिनट तक मोबाइल फोन पर बात की थी इससे पहले शत्रुघ्न 15 नवंबर से व अशोक 19 नवंबर से अवकाश पर चल रह थे दोनों का एक साथ पांच दिनों के अंतराल में अवकाश लेने से पुलिस का संदेश शत्रुघ्न पर बढ़ गया था।
प्रभाकर वर्मा की रिपोर्ट


















