उत्तराखंड

तहसील में विजिलेंस की ट्रैप कार्रवाई से बवाल, विरोध में फंसी रही टीम, कर्मचारियों ने दी आंदोलन की चेतावनी

WhatsApp Image 2026-04-18 at 09.08.39
previous arrow
next arrow

सितारगंज / उत्तराखंड (रिज़वान अहसन ),,,,,उधम सिंह नगर जिले की सितारगंज तहसील में बुधवार को हुई विजिलेंस की ट्रैप कार्रवाई के बाद शुरू हुआ विवाद गुरुवार को और गहरा गया। विजिलेंस द्वारा दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किए जाने के विरोध में तहसील कर्मचारियों ने मोर्चा खोल दिया, जिसके चलते विजिलेंस टीम पूरी रात तहसील परिसर में ही फंसी रही।*क्या है पूरा मामला* बुधवार को विजिलेंस टीम ने कथित रिश्वतखोरी के मामले में तहसील के वरिष्ठ सहायक भूपेंद्र सिंह राणा और एक संग्रह अमीन को ट्रैप कर गिरफ्तार किया था। विजिलेंस का आरोप है कि भूमि संबंधी कार्य और राजस्व रिकवरी प्रक्रिया के एवज में रिश्वत की मांग की जा रही थी।लेकिन राजस्व कर्मचारी संगठनों ने इस कार्रवाई को गलत ठहराया है। उनका कहना है कि विजिलेंस द्वारा बरामद की गई धनराशि रिश्वत नहीं, बल्कि सरकारी राजस्व वसूली की वैधानिक राशि थी। संगठनों का आरोप है कि बिना पूरे तथ्यों की जांच किए कर्मचारियों पर कार्रवाई की गई, जिससे विभाग में भारी रोष है।*पूरी रात चली वार्ता, नहीं निकला हल* कर्मचारियों के विरोध के चलते विजिलेंस टीम गुरुवार को भी तहसील से बाहर नहीं निकल सकी। देर रात तक विजिलेंस अधिकारियों और कर्मचारी नेताओं के बीच कई दौर की वार्ता हुई, लेकिन कोई समाधान नहीं निकल सका।*कर्मचारियों ने दी आंदोलन की चेतावनी* घटना के विरोध में राजस्व कर्मचारी संयुक्त परिषद, लेखपाल संघ, संग्रह अमीन संघ सहित अन्य कर्मचारी संगठनों ने मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव और शासन के वरिष्ठ अधिकारियों को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में पूरे मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच की मांग की गई है। संगठनों ने चेतावनी दी है कि जब तक निष्पक्ष जांच नहीं होती और उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।*प्रदेशभर में कामकाज प्रभावित होने की आशंका* कर्मचारी संगठनों के आंदोलन के कारण प्रदेशभर की तहसीलों के कार्य प्रभावित होने की आशंका है। यदि कार्यबहिष्कार जारी रहा तो नामांतरण, आय-जाति-निवास प्रमाणपत्र, भू-अभिलेख और राजस्व वसूली जैसी जरूरी सेवाएं ठप हो सकती हैं।फिलहाल प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और स्थिति को सामान्य करने के प्रयास किए जा रहे हैं।

RIZWAN AHSAN

50% LikesVS
50% Dislikes

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button