बदहाल कांवड़ मार्ग जिसपर कैसे करेंगे कांवड़िया नंगे पैर यात्रा

शासन की अनदेखी के चलते कांवड़ियो की राह में पत्थर ही पत्थर
आईरा न्यूज़ नेटवर्क बिजनौर से विकास अग्रवाल
बिजनौर। नगीना का मुख्य कांवड़ यात्रा मार्ग बदहाल। इसमें 6 इंच तक के गहरे गहरे गड्ढे हो रहे हो। कांवड़ यात्रा का शुभारम्भ करीब होने ही वाला है। कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों का नगर से होकर जाने का यही मार्ग होता है। नगीना से होकर रोजाना सेकड़ो की संख्या में कांवड़ियों का आवागमन होता है। शासन व जिलाधिकारी के निर्देशों के बावजूद भी लोक निर्माण विभाग एवं स्थानीय प्रशासन के अफसरों को इसकी फिक्र नहीं है। कांवड़ मार्ग बनाना तो दूर अभी तक गड्ढा मुक्त भी नहीं किया गया है।
18 फरवरी को महाशिवरात्रि है और 9 फरवरी से भगवान भालेनाथ के भक्त भोले की भक्ति में तन मन को सराबोर करने के लिए श्रद्धा का गोता लगाते हुए पवित्र तीर्थ नगरी हरिद्वार से पतित पावन मा गंगा का जल लेने के लिए निकल पड़ेगे‚ लेकिन जहां तहां मुख्य कांवड़ मार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त व गड्ढे होने से आस्था की राह में रोड़े ही रोड़े हैं। नगीना का मुख्य कांवड़ मार्ग विश्नोई सराय शाहजटा चौक से रामलीला तिराहे एवं कावड़ियों द्वारा बाईपास के रूप में प्रयोग किए जाने वाला काशीपुर जाने वाले शिव भक्तों के लिए हरेवली मार्ग की सड़क में गहरे गड्ढे होने व जगह-जगह से उखड़ने के कारण शिवभक्त कांवड़ियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। 4 दिन के अंदर कावड़ यात्रा मार्ग को गड्ढा मुक्त करने के जिलाधिकारी के आदेश को अधिकारी ठेंगा दिखा रहे हैं। नगीना से होकर निकलने वाले कांवड़ियों में सीतापुर‚ बरेली‚ शाहजहांपुर, पीलीभीत, चंदौसी‚ बदायूं‚ हल्द्वानी‚ रुद्रपुर‚ रामपुर‚ मुरादाबाद‚ कांशीपुर‚ जसपुर, ठाकुरद्वारा, रामनगर, नैनिताल समेत विभन्न जनपदों व महानगरों के हजारों कांवड़िया पैदल व डाक कांवड़ यात्रा में शामिल होते हैं। नगर के बड़ा मंदिर पर प्रतिदिन स्थानीय शिवभक्तों के साथ साथ हजारों कावड़िया शिवभक्त यहां जलाभिषेक करने के बाद ही अपने गनतव्य की ओर कूंच करते हैं। शिवभक्तों की गूंज से नगीना का वातावरण शिवमय हो जाता है‚ जिसके लिए नगरवासी अपने आप को धन्य मानते हैं और तन‚ मन‚ धन से कांवड़ियों की सेवा में लग जाते हैं। समाज सेवी संस्थाओं व हिन्दू संगठनों द्वारा नगर के चौराहो‚ ब्राह्मणीवाला तालाब‚ विश्नोई सराय शाहजटा चौक‚ श्रीरामलीला बाग स्थित मां काली व मां दुर्गा के मंदिर पर विशाल भण्डारों का आयोजन किया जाता है। एसडीएम शैलेंद्र सिंह ने बताया कि नगीना तहसील से गुजरने वाले सभी मुख्य कावड़ यात्रा मार्ग को गड्ढा मुक्त कराकर समतल कराने के लिए नगर पालिका व लोक निर्माण विभाग को कड़े निर्देश दिए गए। फ़ोटो सहित


















