भाकियू टिकैत संगठन के लोगों ने कमिश्नर के कार्यालय मे अंदर घुस शुरू की पंचायत

मुरादाबाद। भाकियू टिकैत के मण्डल मुरादाबाद के पदाधिकारियों अंबेडकर पार्क में इक्कठा हुए तथा मण्डल अध्यक्ष बाबूराम तोमर, प्रदेश मुख्य महासचिव बिजेंद्र सिंह यादव, राष्ट्रीय सचिव डॉ.नौ सिंह, डॉ.चरण सिंह, जिला अध्यक्ष बिजनौर चौधरी सत्यवीर सिंह, जिला अध्यक्ष मुरादाबाद मनोज चौधरी, जिला अध्यक्ष अमरोहा रामपाल सिंह, जिला अध्यक्ष रामपुर सरदार जगजीत सिंह गिल आदि के नेतृत्व में जुलूस की शक्ल में कमिश्नर ऑफिस पहुंचे। संगठन के लोगों ने कमिश्नर के कार्यालय के अंदर घुस कर पंचायत शुरू कर दी।
किसानों की समस्याओं से निरूत्तर कमिश्नर अनंजय सिंह अपने ऑफिस से चले गए और पंचायत में डिप्टी कमिश्नर ने पहुंचकर किसानों से वार्ता करनी चाही। जिस पर भाकियू पदाधिकारी भड़क उठे और भाकियू पदाधिकारियों ने कमिश्नर के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। भाकियू पदाधिकारियों के सख्त तेवर देख प्रशासन के हाथ पांव फूल गए। भाकियू के भारी आक्रोश के चलते कमिश्नर पुन: ऑफिस आए और भाकियू पदाधिकारियों से वार्ता की। वार्ता में मुरादाबाद कमिश्नर अनंजय सिंह ने बिजनौर में गुलदार की समस्या को गंभीर बताते हुए अन्य बाहरी जनपदों से जरूरत के हिसाब से पिंजरे मंगवाकर चिन्हित जगह पर लगवाने के आदेश दिए। उन्होंने माना कि बिजनौर में कई गुलदार नरभक्षी हो गए हैं, जिन्हें चिन्हित करके नरभक्षी घोषित किया जायेगा।
भाकियू मण्डल अध्यक्ष बाबूराम तोमर व जिला अध्यक्ष चौधरी सत्यवीर सिंह ने बिलाई मिल द्वारा किसानों के गन्ने का अरबों रूपए भुगतान नहीं करने का मुद्दा उठाया तो कमिश्नर अनंजय सिंह ने बिलाई मिल से पेटेंट कराने के लिए एक सप्ताह का समय मांगा। उन्होंने कहा कि अगर एक सप्ताह में बिलाई मिल ठीक से पेमेंट नहीं करता तो मिल प्रबंधक के खिलाफ कठोर कार्यवाही अमल में लाई जाएगी। इसके बाद भाकियू के सभी मुद्दों पर सार्थक वार्ता होने पर कमिश्नर कार्यालय पर चल रही पंचायत को समाप्त करने की घोषणा की गई।
कमिश्नर कार्यालय का घेराव करने वालो में बिजनौर से पश्चिमी यूपी महासचिव कुलदीप सिंह, प्रदेश संगठन मंत्री लक्ष्मी नारायण शर्मा, प्रदेश महासचिव रामअवतार सिंह, युवा जिला अध्यक्ष सरदार वरिंदर सिंह बाठ, सोमपाल सिंह, होशियार सिंह, वीर सिंह डबास, मुनेंद्र चौधरी, धर्मेंद्र सिंह, कविराज सिंह, विनीत कुमार, महिपाल सिंह, सरदार मनप्रीत सिंह संधू, सरदार मनप्रीत सिंह संधू, अनिल शिद्दू, बूटा सिंह आदि मौजूद रहें।


















