उत्तराखंड

मासूम को इंसाफ दिलाने पर आईपीएस विशाखा भदाणे को मेडल फ़ॉर एक्सीलेंस इन इन्वेस्टिगेशन अवॉर्ड

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मासूम को इंसाफ दिलाने पर आईपीएस विशाखा भदाणे को मेडल फ़ॉर एक्सीलेंस इन इन्वेस्टिगेशन अवॉर्ड

उत्तराखंड देहरादून पुलिस महानिदेशक की काबिल पुलिस अधिकारियों की ब्रिगेड की युवा महिला पुलिस अधिकारी आईपीएस डॉ. विशाखा अशोक भदाणे को एक मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी के विरुद्ध पुख्ता सबूत व आरोप सिद्ध करने के लिए दक्षता से की गई अन्वेषण कार्यवाही के बूते आरोपी को मृत्युदंड की सजा करवाने पर गृह मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा डॉ. विशाखा अशोक भदाणे को ’’अन्वेषण में उत्कृष्टता हेतु केन्द्रीय गृहमंत्री पदक’’ से सम्मानित किये जाने की आधिकारिक घोषणा की गयी है।

जानकारी हो कि वर्तमान में राजधानी देहरादून की पुलिस अधीक्षक अपराध डॉ. विशाखा अशोक भदाणे के वर्ष 2020 में सहायक पुलिस अधीक्षक, नगर हरिद्वार रहने के दौरान उक्त वर्ष 20 सितंबर को हरिद्वार के ऋषिकुल मौहल्ले में एक बच्ची ऋषिता के साथ दुष्कर्म कर उसकी हत्या कर दी गयी थी। उक्त प्रकरण की विवेचना में उन्होंने मुख्य अभियुक्त रामतीर्थ को उसी दिन गिरफ्तार कर जेल भेज उसके घर के द्वितीय तल से बच्ची का शव बरामद भी किया था। डॉ विशाखा द्वारा पूछताछ में मुख्य आरोपी रामतीर्थ द्वारा अपने साथी राजीव के साथ मिलकर बच्ची के साथ दुष्कर्म कर उसका शव दूसरी मंजिल पर छुपाने का अपराध कबूल किया था। उनके निर्देशन में पुलिस टीम द्वारा बच्ची का पंचनामा कर आरोपियों के खिलाफ सभी आवश्यक सबूत जुटाए। डॉ विशाखा द्वारा दुष्कर्म मामले में अन्य पहलुओं पर बारीकी से परीक्षण कर अपराध में लिप्त अभियुक्त राजीव का साथ देने वाले उसके भाई गंभीर चंद उर्फ गौरव को आईपीसी धारा 212 के तहत 26 दिसंबर को गिरफ्तार किया गया तथा फरार राजीव को 28 दिसंबर को उत्तरप्रदेश के सुलतानपुर से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की।

डॉ. विशाखा द्वारा सभी मुख्य आरोपी रामतीर्थ व राजीव के खिलाफ जुटाए गए पुख्ता सबूतों,गवाहों के बूते न्यायालय के विशेष न्यायाधीश, पोक्सो जिला हरिद्वार ने आरोपी रामतीर्थ के खिलाफ सभी पुख्ता साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर उसके विरुद्ध धारा 363/366ए/376(ए)(बी)/377/302/201 आईपीसी और पोक्सो एक्ट के तहत मृत्युदंड एवं अर्थदंड से दंडित किया। साथ ही अभियुक्त राजीव कुमार को साक्ष्य छिपाने के मामले में 05 वर्ष की सजा एवं अर्थदंड की सजा सुनाई। डॉ विशाखा द्वारा बच्ची से दुष्कर्म के उक्त मामले में बेजोड़,सरहनीय अन्वेषण के बूते जिस प्रकार से मुख्य आरोपी व उसके साथ को सजा दिलवाई उसके चलते गृह मन्त्रालय, भारत सरकार द्वारा अन्वेषण में उत्कृष्टता हेतु केन्द्रीय गृहमंत्री पदक’’ से सम्मानित किये जाने की घोषणा की है। डॉ विशाखा को प्राप्त होने वाले इन सम्मान के लिए पुलिस महानिदेशक द्वारा उन्हें बधाई देते हुए भविष्य के लिए शुभकामनाएं दी है।
उत्तराखंड देहरादून
आईरा न्यूज़ नेटवर्क
राजेश सिंघल

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