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सेंटर फॉर साइट ने गुवाहाटी में उन्नत नेत्र चिकित्सा सेवाओं को दिया विस्तार

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सेंटर फॉर साइट ने गुवाहाटी में उन्नत नेत्र चिकित्सा सेवाओं को दिया विस्तार
28 वर्षों के अनुभवी नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. संजय कुमार बुरागोहेन सेंटर फॉर साइट की क्लिनिकल टीम में शामिल

गुवाहाटी: भारत के प्रमुख नेत्र चिकित्सा नेटवर्क में शामिल सेंटर फॉर साइट ने गुवाहाटी में अपनी क्लिनिकल क्षमताओं को और मजबूत किया है। 28 वर्षों के अनुभव वाले वरिष्ठ नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. संजय कुमार बुरागोहेन सेंटर फॉर साइट की क्लिनिकल टीम में शामिल हुए हैं। उनके जुड़ने से गुवाहाटी और पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र में ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी, मोतियाबिंद और व्यापक नेत्र चिकित्सा सेवाओं के क्षेत्र में विशेषज्ञ उपचार को और मजबूती मिलेगी।

डॉ. बुरागोहेन के शामिल होने से सेंटर फॉर साइट गुवाहाटी में ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मिक स्थितियों, मोतियाबिंद और अन्य सामान्य एवं जटिल नेत्र रोगों के निदान और उपचार की सुविधाएं और मजबूत होंगी। इससे गुवाहाटी, असम और पूर्वोत्तर भारत के मरीजों को अपने क्षेत्र में ही विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

सेंटर फॉर साइट गुवाहाटी में ग्लूकोमा के व्यापक निदान और प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। ग्लूकोमा ऐसी स्थिति है जिसमें धीरे-धीरे ऑप्टिक नर्व को नुकसान पहुंच सकता है और समय पर इसकी पहचान एवं उपचार न होने पर दृष्टि को स्थायी नुकसान हो सकता है।

इस अवसर पर सेंटर फॉर साइट के चेयरमैन एवं मेडिकल डायरेक्टर प्रो. (डॉ.) महिपाल एस. सचदेव ने कहा, “सेंटर फॉर साइट में हमारा हमेशा से प्रयास रहा है कि मजबूत क्लिनिकल विशेषज्ञता मरीजों के और करीब पहुंचे। देशभर में अपनी उपस्थिति का विस्तार करते हुए हम अपने प्रत्येक अस्पताल में विशेषज्ञ सेवाओं को भी लगातार मजबूत कर रहे हैं। ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी और व्यापक नेत्र चिकित्सा में डॉ. बुरागोहेन का अनुभव गुवाहाटी और पूर्वोत्तर क्षेत्र के मरीजों के लिए उपलब्ध नेत्र चिकित्सा सेवाओं को और मजबूत करेगा।”

ग्लूकोमा की जांच में आंखों के दबाव की जांच, गोनियोस्कोपी, कॉर्निया की मोटाई का आकलन या पैकीमेट्री, ऑप्टिक नर्व की जांच, विजुअल फील्ड टेस्टिंग या पेरीमेट्री तथा रेटिनल नर्व फाइबर लेयर और ऑप्टिक नर्व के आकलन के लिए ऑप्टिकल कोहेरेंस टोमोग्राफी (ओसीटी) जैसी जांच शामिल हो सकती हैं। इन जांचों के माध्यम से डॉक्टर ग्लूकोमा के प्रकार और अवस्था का आकलन करने, बीमारी की प्रगति पर नजर रखने और मरीज के लिए उपयुक्त उपचार तय करने में सक्षम होते हैं।

सेंटर फॉर साइट से जुड़ने पर डॉ. संजय कुमार बुरागोहेन ने कहा, “कई नेत्र रोग, विशेष रूप से ग्लूकोमा, शुरुआती चरणों में बिना स्पष्ट लक्षणों के भी बढ़ सकते हैं। इसलिए नियमित आंखों की जांच, उचित डायग्नोस्टिक टेस्ट और समय पर उपचार बेहद महत्वपूर्ण हैं। मैं सेंटर फॉर साइट की टीम के साथ काम करने और ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी, मोतियाबिंद तथा व्यापक नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में अपने अनुभव के माध्यम से क्षेत्र के मरीजों की बेहतर देखभाल में योगदान देने के लिए उत्साहित हूं।”

ग्लूकोमा के प्रकार और उसकी गंभीरता के आधार पर उपचार में आंखों का दबाव कम करने वाली दवाएं, लेजर प्रक्रियाएं और सर्जरी शामिल हो सकती हैं। मरीज की क्लिनिकल स्थिति के अनुसार मिनिमली इनवेसिव ग्लूकोमा सर्जरी (एमआईजीएस), ट्रैबेक्यूलेक्टॉमी तथा ग्लूकोमा ड्रेनेज डिवाइस या वाल्व जैसी सर्जिकल प्रक्रियाओं का विकल्प चुना जा सकता है। उपयुक्त मरीजों में लेजर पेरिफेरल इरिडोटॉमी जैसी लेजर प्रक्रिया पर भी विचार किया जा सकता है।

न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी के क्षेत्र में डॉ. बुरागोहेन की विशेषज्ञता से ऑप्टिक नर्व, मस्तिष्क और न्यूरोलॉजिकल मार्गों से जुड़ी दृष्टि संबंधी समस्याओं वाले मरीजों के मूल्यांकन को भी मजबूती मिलेगी। न्यूरो-ऑप्थैल्मिक स्थितियों में बिना स्पष्ट कारण दृष्टि कम होना, दोहरा दिखाई देना, ऑप्टिक नर्व में असामान्यताएं, विजुअल फील्ड में कमी या अन्य जटिल दृश्य समस्याएं सामने आ सकती हैं, जिनके मूल कारण की पहचान के लिए विस्तृत जांच आवश्यक होती है।

सेंटर फॉर साइट गुवाहाटी में डॉ. बुरागोहेन के क्लिनिकल कार्य का एक महत्वपूर्ण हिस्सा मोतियाबिंद की देखभाल भी होगा। इसमें मरीज का विस्तृत मूल्यांकन, सर्जरी की योजना और आधुनिक मोतियाबिंद सर्जरी तकनीकों के साथ मरीज की व्यक्तिगत जरूरतों के अनुरूप उपयुक्त इंट्राऑक्युलर लेंस का चयन शामिल होगा।

ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी और मोतियाबिंद के अलावा सेंटर फॉर साइट गुवाहाटी में रेटिना, कॉर्निया, रिफ्रैक्टिव एरर और दृष्टि सुधार, पीडियाट्रिक ऑप्थैल्मोलॉजी, भेंगापन तथा अन्य मेडिकल एवं सर्जिकल नेत्र रोगों के लिए व्यापक सेवाएं उपलब्ध हैं। यहां विभिन्न प्रकार की जांच और उपचार सुविधाएं मौजूद हैं, जो मरीज की नेत्र चिकित्सा यात्रा के अलग-अलग चरणों की जरूरतों को पूरा करने के लिए तैयार की गई हैं।

सेंटर फॉर साइट ने देशभर में अपनी मजबूत उपस्थिति स्थापित की है। इसके नेटवर्क में 95 अस्पताल और 350 से अधिक डॉक्टर हैं तथा हर वर्ष 15 लाख से अधिक मरीजों को सेवाएं प्रदान की जाती हैं। नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में 30 वर्षों के अनुभव के साथ संगठन देशभर में विशेषज्ञ नेत्र चिकित्सा की पहुंच बढ़ाने और अपने अस्पतालों में क्लिनिकल विशेषज्ञता को लगातार मजबूत करने की दिशा में काम कर रहा है।

डॉ. बुरागोहेन ने गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद उन्होंने असम मेडिकल कॉलेज से नेत्र रोग विज्ञान में एमएस तथा नेत्र रोग विज्ञान में डीएनबी किया। उन्होंने चेन्नई स्थित शंकर नेत्रालय से ग्लूकोमा और न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी में विशेष प्रशिक्षण भी प्राप्त किया है। मेडिकल और सर्जिकल ऑप्थैल्मोलॉजी में उनके व्यापक अनुभव के साथ ग्लूकोमा, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी और मोतियाबिंद देखभाल उनके प्रमुख विशेषज्ञता क्षेत्रों में शामिल हैं।

गुवाहाटी की क्लिनिकल टीम को मजबूत किया जाना सेंटर फॉर साइट की उस व्यापक प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसके तहत देशभर में अपने अस्पतालों के नेटवर्क के माध्यम से विशेषज्ञता, उपयुक्त तकनीक और मरीज-केंद्रित देखभाल को एक साथ उपलब्ध कराया जा रहा है।
सेंटर फॉर साइट का संदेश स्पष्ट है—अपनी दृष्टि से समझौता न करें। विशेषज्ञों पर भरोसा करें।

सेंटर फॉर साइट के बारे में
1996 में स्थापित सेंटर फॉर साइट भारत के प्रमुख नेत्र चिकित्सा नेटवर्क में शामिल है। देशभर में इसके 95 अस्पताल और 350 से अधिक डॉक्टर हैं, जो हर वर्ष 15 लाख से अधिक मरीजों को सेवाएं प्रदान करते हैं। संगठन मोतियाबिंद, ग्लूकोमा, रेटिना, कॉर्निया, लेसिक एवं रिफ्रैक्टिव सर्जरी, पीडियाट्रिक ऑप्थैल्मोलॉजी, भेंगापन, न्यूरो-ऑप्थैल्मोलॉजी और अन्य विशेषज्ञ नेत्र रोगों के लिए व्यापक सेवाएं उपलब्ध कराता है।

नेत्र चिकित्सा के क्षेत्र में 30 वर्षों की विशेषज्ञता के साथ सेंटर फॉर साइट देशभर में विशेषज्ञों के नेतृत्व में निदान, मेडिकल मैनेजमेंट और उन्नत सर्जिकल उपचार की पहुंच को लगातार मजबूत कर रहा है। संगठन का ब्रांड विश्वास है—“अपनी दृष्टि से समझौता न करें। विशेषज्ञों पर भरोसा करें।”

HALIMA BEGUM

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