इजरायल डिफेंस फोर्स का 4 हॉस्टेजेस का शव बरामद करने का दावा

नई दिल्ली( राज मुकीत) लेफ्टिनेंट कर्नल अल्मोग रोटेम ने पत्रकारों को जानकारी दिया कि बुधवार को उत्तरी गाजा में जबालिया शरणार्थी शिविर में एक घर के बाहर,“दुश्मन ने विस्फोटक रखे थे और घात लगाकर हमला करने की तैयारी की थी और हमारा इंतजार कर रहे थे लेकिन 202वीं बटालियन से मुठभेड़ में हमास के लोग मारे गए” और हमारे सैनिक दस्ते ने घर पर कब्ज़ा कर लिया। घर में कुछ असामान्य चीज़ें लगने के बाद वहां जांच शुरू की गई, फर्नीचर और कालीनों को इधर-उधर किया, फिर एक कमरे में एक छेद मिला, जो एक शाफ्ट (सुरंग )की ओर जाता था।” सैनिक दस्ते ने शाफ्ट के मिलने की सूचना अपने कंपनी कमांडर मेजर गैल शब्बत को दी, जो बाद में उसी सप्ताह हमास के साथ मुठभेड़ में मारे गए। शब्बत ने फिर शाफ्ट की खोज की प्रक्रिया शुरू की। याहलोम यूनिट को बुलाया गया,घर के अंदर, मलबे पर सावधानी से चलते हुवे उस कमरे तक पहुँचे जहाँ शाफ्ट था वहां से वो शवों तक पहुँचे,उनकी पहचान की गई,अंत में, यह स्पष्ट हो गया कि वे उन चार लोगों के शव थे जिनको 7 अक्टूबर को बंदी बनाया गया था।
ऊपरी गैलिली में किबुत्ज़ नियोट मोर्दकै 36 वर्षीय अल्मोग पैराट्रूपर्स ब्रिगेड की 202वीं बटालियन के कमांडर हैं जो IDF पैदल सेना ब्रिगेड की सबसे प्रसिद्ध तीन बटालियनों में से एक है। 202वीं ने पिछले दो सप्ताह जबालियां में बिताए हैं। यह क्षेत्र अभी भी पूरी तरह से शांत नहीं हुआ है, और छोटे हथियारों और टैंक की गोलाबारी से अभी भी हमला हो रहा है।
अगुवा किए गए चार इजरायलियों के शव जो बरामद किए गए हैं उनकी पहचान इत्ज़िक गेलेंटर, 57:अमित बुस्किला, 28: शानी लौक, 23: और रॉन बेंजामीन के रुप में हुवी है।


















