नगीना – विश्व की सबसे बड़ी सहकारी संस्था इंडियन फार्मर फर्टिलाइजर कोऑपरेटिव लिमिटेड द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र नगीना के सभागार में जिला सहकारी सम्मेलन का आयोजन किया गया। शुक्रवार को कृषि विज्ञान केंद्र के सभागार में आयोजित सम्मेलन में मुख्य क्षेत्र प्रबंधक यतेंद्र कुमार तेवतिया ने बताया कि विश्व में पहली बार इफको द्वारा नैनो तकनीक पर आधारित नैनो यूरिया विकसित की गई है। जो की पारंपरिक यूरिया से सस्ता तथा पर्यावरण अनुकूल है। जिससे यूरिया द्वारा होने वाले जल तथा वायु प्रदूषण में कमी होती है।
किसान को आर्थिक रूप से भी बचत होती है नैनो यूरिया का यह प्रयोग चार एमएल प्रति लीटर फसलों में पहला छिड़काव 30 से 35 दिन बाद तथा दूसरा छिड़काव पहले छिड़काव से 15 दिन बाद किया जा सकता है। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह द्वारा गन्ना समितियों को ज्यादा से ज्यादा नैनो यूरिया उपलब्ध कराने की बात कही गई।
गन्ना कृषकों को समय से उपलब्ध कराया जा सके कृषि विज्ञान केंद्र नगीना के वैज्ञानिक डॉ के के सिंह द्वारा नैनो यूरिया के लाभ तथा बायोफोर्टीफाइड फसलों की वैरायटी के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। कार्यक्रम का संचालन शैलेंद्र सिंह मुख्य क्षेत्र प्रबंधक बिजनौर द्वारा किया गया। कार्यक्रम में प्रवीण सिंह क्षेत्राधिकारी इफको, शिवकुमार अधिकारी इफको एमसी बिजनौर व समस्त गन्ना सचिव समस्त जेष्ठ गन्ना निरीक्षक और समस्त गन्ना मिलों के महाप्रबंधक व प्रतिनिधि मौजूद रहे।
विकास अग्रवाल की रिपोर्ट


















