महामोर्चा ‘अलर्ट मीडिया’ का महा-ऐलान: पत्रकार एवं सामाजिक कार्यकर्ताओं के अधिकार सम्मान सुरक्षा के लिए एवं भ्रष्टाचार के खिलाफ अब एकजुट होगा देश का ‘चौथा स्तंभ’ और ‘सामाजिक योद्धा

“एके बिंदुसार का ऐतिहासिक संकल्प: देश भर के पत्रकार और सामाजिक संगठन अब एक मंच पर; ‘अलर्ट मीडिया’ बनेगा सुरक्षा कवच!”
सिम्मी भट्टी की खास रिपोर्ट
नई दिल्ली।
देश में अपने हक अधिकार सम्मान सुरक्षा के साथ-साथ भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाने वाले पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं पर बढ़ते हमलों और उनके उत्पीड़न के खिलाफ अब एक निर्णायक युद्ध की शुरुआत करने की रणनीति बनाई जा रही है। इसी कड़ी में भारतीय मीडिया फाउंडेशन नेशनल कोर कमेटी के संस्थापक एके बिंदुसार ने भारतीय मीडिया फाउंडेशन नेशनल को अलर्ट मीडिया महामोर्चा में शामिल होने की घोषणा करते हुए कहा कि देशभर के तमाम पत्रकार संगठनों और सामाजिक संस्थाओं को महामोर्चा ‘अलर्ट मीडिया’ (Alert Media) के बैनर तले एकजुट करने की एक अभूतपूर्व रणनीति तैयार की है।
क्यों जरूरी है महामोर्चा ‘अलर्ट मीडिया’?
एके बिंदुसार ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर स्पष्ट किया कि अब वक्त केवल चर्चा का नहीं, बल्कि सामूहिक शक्ति दिखाने का है। ‘अलर्ट मीडिया’महामोर्चा (AMM ) का मुख्य उद्देश्य मीडिया और समाज सेवा के क्षेत्र में काम करने वालों को वह सम्मान और सुरक्षा दिलाना है, जिसके वे हकदार हैं।
महामोर्चे के मुख्य लक्ष्य और मांगें:
1-राष्ट्रीय पत्रकार सुरक्षा कानून: पूरे देश में पत्रकारों की जान-माल की रक्षा के लिए सख्त कानून लागू करवाना।
2- मीडिया पालिका का गठन: मीडिया के आंतरिक मामलों और विवादों के निष्पक्ष समाधान हेतु एक स्वतंत्र न्यायिक व्यवस्था (मीडिया पालिका) की स्थापना।
3- मीडिया कल्याण बोर्ड: पत्रकारों और उनके परिवारों के स्वास्थ्य, शिक्षा और भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना।
4-स्वावलंबन योजना: सामाजिक कार्यकर्ताओं और पत्रकारों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने हेतु विशेष सरकारी योजनाओं का संचालन।
मिशन से जुड़ने की प्रक्रिया (हेल्पलाइन जारी)
एके बिंदुसार ने इस महामोर्चे को ‘फिल्टर’ और ‘पारदर्शी’ बनाने के लिए एक चयन प्रक्रिया तय की है।
“जो भी संगठन इस राष्ट्रव्यापी मुहिम का हिस्सा बनना चाहते हैं, वे व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 7275 850 466 पर अपना आधिकारिक स्वीकृति पत्र भेजें। संगठनों के पिछले कार्यों और उनकी निष्ठा के अवलोकन के बाद ही उन्हें ‘अलर्ट मीडिया’ महामोर्चा की शक्ति में शामिल किया जाएगा।”
राजनीतिक दलों को ‘खुली चुनौती’ और ‘न्योता’,
इस महामोर्चे ने राजनीतिक दलों के लिए भी द्वार खुले रखे हैं, लेकिन शर्तों के साथ। बिंदुसार ने दो-टूक कहा है कि— “हमारा किसी दल से व्यक्तिगत विरोध नहीं है। जो भी दल अपने चुनावी घोषणा पत्र (Manifesto) में पत्रकार सुरक्षा कानून और मीडिया पालिका की मांग को लिखित रूप में शामिल करेगा, ‘अलर्ट मीडिया’ उसके साथ सकारात्मक संवाद के लिए तैयार रहेगा।”
एकजुटता का आवाहन
यह समाचार देशभर के उन हजारों पत्रकारों और कार्यकर्ताओं के लिए एक उम्मीद की किरण है जो अकेले लड़ रहे हैं। ‘अलर्ट मीडिया’ अब उनकी सामूहिक आवाज बनेगा।
उन्होंने कहा कि भारतीय मीडिया फाउंडेशन एवं इंटरनेशनल मीडिया आर्मी, भारतीय मतदाता महासभा, की स्वीकृति प्रदान की गई हैं जो “अलर्ट मीडिया” का हिस्सा बनेंगे।
























