अमृत 2.0 योजना के तहत पाइपलाइन और सीवर लाइन बिछाने का कार्य पिछले दो वर्षों से अधूरा पड़ा

फर्रुखाबाद जनपद के शमशाबाद नगर पंचायत क्षेत्र में केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी अमृत 2.0 योजना के तहत पाइपलाइन और सीवर लाइन बिछाने का कार्य पिछले दो वर्षों से अधूरा पड़ा हुआ है। कार्य की धीमी गति और लापरवाही के चलते नगर की कई सड़कों और गलियों की खुदाई कर दी गई, लेकिन मरम्मत न होने के कारण रास्ते ऊबड़-खाबड़ हो गए हैं। इससे राहगीरों, बुजुर्गों, महिलाओं और स्कूली बच्चों को रोज़ाना भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई स्थानों पर कीचड़ और गड्ढों के कारण हादसों की आशंका भी बनी रहती है।नगरवासियों का कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है। लोगों में बढ़ती नाराजगी को देखते हुए नगर पंचायत अध्यक्ष जोया शाह फारुकी ने जल निगम को लिखित पत्र भेजकर जल्द से जल्द अधूरे कार्यों को पूरा कराने और सड़कों की मरम्मत कराने की मांग की थी।नगर पंचायत अध्यक्ष की पहल के बाद जल निगम शहरी फर्रुखाबाद के अधिशासी अभियंता यदुनाथ सिंह और सहायक अभियंता तरुण सिंह नगर पंचायत कार्यालय पहुंचे। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया और नगर पंचायत प्रतिनिधियों से बातचीत कर समस्याओं की जानकारी ली। इस दौरान उन्होंने आश्वासन दिया कि पाइपलाइन और सीवर लाइन से जुड़े लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा कराया जाएगा और खुदी हुई सड़कों को भी दुरुस्त किया जाएगा।वहीं, इस गंभीर मामले में जिलाधिकारी ने भी संज्ञान लेते हुए स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि दिसंबर 2026 तक अमृत 2.0 योजना के अंतर्गत सभी कार्य अनिवार्य रूप से पूरे किए जाएं। जिलाधिकारी ने जल निगम के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर तेजी से पूरा किया जाए, ताकि आम जनता को जल्द राहत मिल सके।अब देखना यह होगा कि जल निगम और संबंधित विभाग अपने वादों पर कितना खरा उतरते हैं और शमशाबाद के नगरवासियों को कब तक इस लंबे इंतजार से निजात मिल पाती है।






